यहां अहम बात यह है कि दुनिया भर के मुसलमानों का नेतृत्व करने का दावा करने वाले रूढ़िवादी व वहाबी शाही शासन ने विदेशी महिला पर्यटकों के लिए किसी भी तरह के हिजाब की पाबंदी को भी ख़त्म कर दिया है।
सऊदी पर्यटन विभाग के प्रमुख अहमद ख़तीब ने रॉयटर्ज़ से बात करते हुए कहा, सार्वजनिक समुद्री तटों समेत किसी भी स्थान पर महिला पर्यटकों के लिए अबाया (हिजाब) पहनना ज़रूरी नहीं होगा।
ग़ौरतलब है कि जब से मोहम्मद बिन सलमान अपने पिता किंग सलमान के उत्तराधिकारी बने हैं, इस रूढ़िवादी अरब देश को उदारवादी बनाने के लिए अजीबो ग़रीब फ़ैसले लिए जा रहे हैं, जिससे दुनिया भर के मुसलमान हैरत में हैं।
हाल ही में जेद्दाह समेत इस देश के कई शहरों में क्लब खुले हैं, जहां महिलाओं और पुरुषों को पॉप म्यूज़िक की धुनों पर एक साथ थिरकते देखा गया था।
इससे सऊदी अरब की आधिकारिक कट्टरपंथी वहाबी विचारधारा पर प्रश्न चिन्ह लग गया है, जो हर मुद्दे पर कड़ा रुख़ अपनाने के लिए जानी जाती है, यहां तक कि वहाबी विचारधारा के विरोधी मुसलमानों को काफ़िर क़रार देती है।
इस्लाम की इसी रूढ़िवादी व्याख्या के कारण, मुसलमानों की दुनिया भर में साख ख़राब हुई है और इसी विचारधारा के गर्भ से अल-क़ायदा और दाइश जैसे ख़ूंख़ार आतंकवादी गुटों ने जन्म लिया है।
सऊदी अरब ने इस विचारधारा के प्रचार प्रसार के लिए दुनिया भर में पैट्रो डॉलर पानी की तरह बहाए और बड़ी संख्या में मुसलमानों को गुमराह किया।
दुनिया भर में बदनाम होने के बाद आले सऊद शासन ने यू-टर्न ले लिया है और अब वह विपरीत दिशा में आगे बढ़ रहा है। यहां भी इस्लामी शिक्षाओं के मुताबिक़, संतुलित मार्ग नहीं अपनाने की वजह से एक बार फिर वह मुंह के बल गिरेगा, लेकिन जब तक पहले की तरह काफ़ी नुक़सान हो चुका होगा।
सऊदी पर्यटन प्रमुख ख़तीब ने विदेशी कंपनियों से पर्यटन के क्षेत्र में निवेश करने की अपील करते हुए आशा जताई है कि 2030 तक यह क्षेत्र सकल घरेलू उत्पाद में 10 प्रतिशत का योगदान देगा।
टूरिस्ट वीज़ा 80 डॉलर का भुगतान करके ऑनलाइन हासिल किया जा सकेगा और महिलाओं के लिए अकेले यात्रा करने पर कोई प्रतिबंध नहीं होगा। हालांकि इससे पहले सऊदी अरब में किसी पुरुष सगे संबंधी के बिना अकेले महिला की यात्रा पर पाबंदी थी।
अब तक सऊदी अरब केवल वहां काम करने वाले कर्मचारियों, व्यापारियों और हज या उमराह के लिए पवित्र शहरों मक्का और मदीना जाने वाले तीर्थयात्रियों के लिए वीज़ा जारी करता था।